कर्क राशिफल मई 2017
गोचर कुण्डली में सूर्य आपकी जन्मकुण्डली के चन्द्र राशि से दसवें भाव में भ्रमण कर रहा है। यह एक अति शुभ गोचर है, आप सुख की आशा कर सकते हैं और नयी ऊँचाइयों को छुयेंगे। आपकी विश्वसनीयता, प्रतिष्ठा, नाम और यश में वृद्धि होगी और आपकी पदोन्नति हो सकती है। आपको जिम्मेदारी भरे नये कार्य सौंपे जा सकते हैं, जो कि आप सफलतापूर्वक निभायेंगे। यह गोचर आपकी संतानों के स्वास्थ्य और कुशलता के लिए शुभ है, जो कि अपने कार्यों से आपको गौरवान्वित करेंगे।
बैसाख महीने के दौरान सूर्य इस गोचर कुण्डली में होगा (14-15 अप्रैल से 15-16 मई तक)।
चन्द्रमा गोचर कुण्डली में अपनी राशि से बारहवें भाव में भ्रमण कर रहा है। यह शुभ गोचर नहीं है और आपको ये सुझाव दिया जाता है कि आप एक-दो दिन के लिए अपनी गतिविधियां कम कर दें। शारीरिक रूप से आप अस्वस्थ महसूस कर सकते हैं और आपको व्यर्थ के खर्चें भी करने पड़ सकते हैं, जिसकी वजह से आप दु:खी हो सकते हैं। अगर कोई अशुभ ग्रह भी इसी राशि से भ्रमण कर रहा है तो आपको घाटा भी उठाना पड़ सकता है। आपकी संतानों का स्वास्थ्य और कुशलता भी आपके लिए चिन्ता का कारण बन सकता है।
गोचर कुण्डली में मंगल आपकी जन्मकुण्डली के चन्द्र राशि से ग्यारहवें भाव में भ्रमण कर रहा है। यह एक शुभ गोचर है। आपका स्वास्थ्य ठीक रहेगा और आपको अपने कार्यों में सफलता प्राप्त होगी। आपके शत्रु दबे रहेंगे और आपकी आमदनी, संपत्ति आदि में वृद्धि होगी। आपका उत्साह बहुत बढ़ा हुआ होगा और अपने बारे में आपकी राय बहुत बढि़या होगी। लेकिन, आपको अपने मन: स्थिति पर काबू रखना होगा, अन्यथा आपको आलोचनाओं, झूठी निन्दा और बदनामी का सामना करना पड़ सकता है।
गोचर कुण्डली में बुध आपकी जन्मकुण्डली के चन्द्र राशि से दसवें भाव में भ्रमण कर रहा है। यह एक शुभ गोचर है। आपके घर और आस-पास से सारे कष्ट या असुविधा हटाकर यह निश्चित रूप से आपको चारों तरफ से खुशियां प्रदान करेगा। आप बहुत क्रियाशील और व्यस्त होंगे। यदि आप व्यापार में हैं, तो आपकी आमदनी और खुशियां बढ़ेगी और आपके शत्रुओं को जलन होगी। किसी महत्वपूर्ण वाद-विवाद को नियन्त्रण में रखने के लिए आप किसी अधिकारी या प्रतिनिधि से मिल सकते हैं, जो कि फलदायक होगा।
गोचर कुण्डली में बृहस्पति आपकी जन्मकुण्डली के चन्द्र राशि से तीसरे भाव में भ्रमण कर रहा है। यह बृहस्पति का सबसे अशुभ गोचर है। आपको बहुत सावधान और सचेत रहना चाहिए, अन्यथा आपका तबादला किसी अनजान और कठिन परिस्थितियों वाली जगह पर हो सकता है, जहां न केवल परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है, बल्कि आपको मानसिक रूप से भी कष्ट उठाना पड़ सकता है। अगर गोचर कुण्डली में अन्य ग्रह भी पक्ष में नहीं हैं तो आप अपनी प्रतिष्ठा खो सकते हैं, अपने नजदीकी संबंधियों, मित्रों या सहयोगियों से अलगाव हो सकता है। इसके अलावा, आपको कई रूकावटों का भी सामना करना पड़ सकता है तथा आप बीमार भी पड़ सकते हैं।
गोचर कुण्डली में शुक्र आपकी जन्मकुण्डली के चन्द्र राशि से नौवें भाव में भ्रमण कर रहा है। यह गोचर अत्यन्त शुभ है। भाग्य आप पर मेहरबान होगा और आप अपने सभी प्रयत्नों में सफलता प्राप्त करेंगे। यदि आप किसी कलात्मक अथवा रचनात्मक कार्य में लगे हुए हैं तो आप अपनी योग्यता से आगे बढ़कर काम कर सकते हैं। आप दूरस्थ बैठे लोगों से सहायता और धन प्राप्त कर सकते हैं। आप मौज-मस्ती के लिए किसी पर्यटन स्थल की यात्रा कर सकते हैं।
गोचर कुण्डली में शनि आपकी जन्मकुण्डली के चन्द्र राशि से छठे भाव में भ्रमण कर रहा है। यह एक अत्यन्त शुभ गोचर है, और शनि असामान्य रूप से आपको फल देगा। यह आपकी उन्नति पक्की करेगा और आपको हर तरफ से खुशी प्रदान करेगा। आपकी योग्यता और प्रतिभा पहचानी जायेगी। अपने पेशे के क्षेत्र में अधिक प्रभावशाली होंगे और अपने मित्रों और परिचितों में आप काफी लोकप्रिय होंगे। आपके शत्रु पूर्णतया दबे रहेंगे और यदि अभी भी कोई शत्रु है तो वो निश्चित रूप से गंभीर बीमार पड़ेगा और स्वयं आपके रास्ते से हट जायेगा। आप किसी छोटी-मोटी बीमारी के शिकार हो सकते हैं, जो कि अल्पकालीन होगी। यदि यह गोचर राशि लग्न से आठवीं है, तो आपको कुछ प्रतिकूल फल मिल सकता है। आपको अपने कार्यस्थल पर गंभीर मुसीबतों का सामना करना पड़ सकता है और आपके किसी नजदीकी संबंधी का स्वास्थ्य और कुशलता आपके लिए चिन्ता का कारण हो सकता है।
गोचर कुण्डली में राहु आपकी जन्मकुण्डली के चन्द्र राशि से दूसरे भाव में भ्रमण कर रहा है। यह एक अशुभ गोचर है। इसका फल शनि की आपकी जन्मकुण्डली के चन्द्र राशि से बारहवें भाव में होने वाले गोचर की तरह है। पैसे की कमी के कारण आपको कठिनाई हो सकती है या अयोग्य विश्वास के कारण हानि उठानी पड़ सकती है। आपको काफी सावधान रहना चाहिए और कर संबंधी मामलों में साफ होना चाहिए, अन्यथा आप परेशानियों में पड़ सकते हैं। आपके परिवार के कुछ लोगों का लगभग हर महत्वपूर्ण मामलों में आपसे मतभेद हो सकता है और उन्हे शांत करने के लिए आपको अपना निर्णय बदलना पड़ सकता है।
गोचर कुण्डली में केतु आपकी जन्मकुण्डली के चन्द्र राशि से आठवें भाव में भ्रमण कर रहा है। यह शुभ गोचर नहीं है और आपको सुझाव दिया जाता है कि जब तक बुरा समय बीत न जाये, तब तक अपने उपर काबू रखें। आगे आने वाला समय काफी मुश्किलों वाला हो सकता है और आपको कई परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। आप या आपके जीवनसाथी का स्वास्थ्य बिगड़ सकता है, जो कि आंतरिक रूप से गंभीर हो सकता है और इलाज मुश्किल हो सकता है। आपके कार्यस्थल पर स्थितियां हतोत्साहित करने वाली हो सकती हैं और आपकी आमदनी कम हो सकती है। आपको सरकारी कर्मचारियों के साथ होने वाले विवााद से बचना चाहिए।
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